Kalibangan श
ब्द का अर्थ काली चूड़ियाँ
विशेषता | विवरण |
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नाम | कालीबंगा |
जिला | हनुमानगढ़ |
नदी | सरस्वती / घग्घर / दृषद्वती |
खोजकर्ता | अमलानंद घोष (1952-53, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग – दिल्ली) |
उत्खननकर्ता | बी.बी. लाल, बी.के. थापर, एम.डी. खरे, के.एम. श्रीवास्तव, एस.पी. जैन (1961-69) |
सभ्यता | हड़प्पा सभ्यता का नगरीय स्थल, आद्य ऐतिहासिक काल का कांस्य युगीन स्थल |
उत्खनन स्तर | पांच स्तरों पर – प्रथम दो स्तर प्राक् हड़प्पा, अंतिम तीन स्तर हड़प्पा सभ्यता से संबंधित |
प्राप्त अवशेष | जुते हुए खेत के प्रमाण, भूकंप के साक्ष्य, सात अग्नि वेदिकाएँ, लकड़ी की नाली, व्याघ्र अंकन युक्त बेलनाकार मुहर, तीन प्रकार से शवाधान, कांस्य के दर्पण, ताँबे के बैल, खिलौना गाड़ी, ऊँट की अस्थियाँ, छः छेद युक्त बालक की खोपड़ी (शल्य चिकित्सा के प्रमाण) |
विशेष उल्लेख | दशरथ शर्मा ने इसे हड़प्पा सभ्यता की तीसरी राजधानी कहा |
भवन निर्माण | कच्ची ईंटों का प्रयोग, अतः दीन-हीन-बस्ती (गरीब बस्ती) कहा गया |
ऐतिहासिक महत्व | स्वतंत्रता के बाद उत्खनित राजस्थान का पहला सभ्यता स्थल |